कोरिया ने जापान को हराकर पुरुष फुटबॉल एशियाई खेलों का स्वर्ण पदक लगातार चौथी बार जीता। शनिवार को जापान के टोयोता शहर के टोयोता स्टेडियम में खेले गए फाइनल में कोरिया ने मेज़बान जापान को 1-0 से हराया। मैच का फैसला ओम जी-सॉन्ग के 61वें मिनट में किए गए गोल से हुआ। इसके साथ ही कोरिया ने एशियाई खेलों के पुरुष फुटबॉल फाइनल में जापान को लगातार तीसरी बार हराया।
पृष्ठभूमि और संदर्भ
यह जीत केवल एक मैच का खिताब नहीं, बल्कि टूर्नामेंट में लगातार खिताब जीतने का सिलसिला आगे बढ़ाने का नतीजा है। कोरिया ने पुरुष फुटबॉल में लगातार चौथा स्वर्ण पदक जीता और जापान के खिलाफ फाइनल में उसकी पिछली तीनों भिड़ंतें भी जीत लीं। हालांकि, केवल इस रिकॉर्ड से यह नहीं कहा जा सकता कि हर टूर्नामेंट में मैचों का स्वरूप या खिताब जीतने का सफर एक जैसा रहा।
फाइनल एशियाई खेलों के मुख्य मेज़बान शहर नागोया में नहीं, बल्कि उससे करीब 30 किमी पूर्व में स्थित टोयोता के टोयोता स्टेडियम में खेला गया। मैच के शुरुआती दौर में दोनों टीमों ने कुछ मौके बनाए, जिसके बाद कुछ समय तक खेल धीमा रहा। मुकाबला एक गोल के अंतर से तय हुआ। इसलिए खिताब के रिकॉर्ड के साथ-साथ फाइनल का कड़ा मुकाबला भी नतीजे को समझने के लिए अहम है।
ओम जी-सॉन्ग का गोल दूसरे हाफ के 16वें मिनट, यानी 61वें मिनट में हुआ। मैच के प्रकाशित विवरण के अनुसार, यांग मिन-ह्योक ने किनारे से आगे बढ़कर गेंद गोल के सामने भेजी और गोलकीपर के उसे रोकने के बाद गेंद ओम जी-सॉन्ग के सामने आ गई। ओम जी-सॉन्ग ने एक रक्षक को छकाया और गिरते हुए बाएं पैर से शॉट मारकर गेंद को जाल में पहुंचा दिया। इसके बाद जापान ने हमले जारी रखे, लेकिन कोरिया ने एक गोल की बढ़त बनाए रखकर जीत पक्की कर ली।
इस खबर का क्या अर्थ है
कोरियाई फुटबॉल प्रशंसकों के लिए यह नतीजा सिर्फ फाइनल में मिली एक जीत से बढ़कर है: इससे एशियाई खेलों के पुरुष फुटबॉल में खिताब जीतने का सिलसिला जारी रहने की पुष्टि हुई। खास तौर पर, जापान के खिलाफ फाइनल में लगातार तीसरी जीत यह दिखाती है कि इस टूर्नामेंट में भी दोनों देशों का मुकाबला खिताब का फैसला करने वाला मंच बना। हालांकि, लगातार खिताब जीतने का रिकॉर्ड अतीत के नतीजों का तथ्य है; यह अगले टूर्नामेंट में जीत या भविष्य के प्रदर्शन की गारंटी नहीं देता।
जापानी प्रशंसकों और मेज़बान शहर के दर्शकों के लिए यह वह मैच रहेगा जिसमें मेज़बान टीम फाइनल में कोरिया से एक गोल के अंतर से हार गई। केवल मैच के नतीजे से यह निष्कर्ष निकालना भी मुश्किल है कि दोनों टीमों के प्रदर्शन में बड़ा अंतर था। उदाहरण के लिए, सिर्फ 1-0 के स्कोर को देखकर यह मान लेना कि एक टीम पूरी तरह हावी रही, सही नहीं होगा; इसके लिए कुल शॉट और गेंद पर कब्जे जैसे मैच के आंकड़े भी देखने होंगे। उपलब्ध खबर में ये आंकड़े नहीं दिए गए हैं।
पुष्ट तथ्य और अब भी अज्ञात बातें
पुष्ट तथ्य
- कोरिया ने जापान के खिलाफ फाइनल 1-0 से जीतकर पुरुष फुटबॉल एशियाई खेलों का स्वर्ण पदक लगातार चौथी बार जीता।
- ओम जी-सॉन्ग ने 61वें मिनट में निर्णायक गोल किया। एक अन्य खबर में गोल का समय दूसरे हाफ का 16वां मिनट बताया गया।
- मैच जापान के टोयोता शहर के टोयोता स्टेडियम में खेला गया। यह स्टेडियम मुख्य मेज़बान शहर नागोया से करीब 30 किमी पूर्व में है।
- कोरिया ने एशियाई खेलों के पुरुष फुटबॉल फाइनल में जापान को लगातार तीसरी बार हराया।
अब भी अज्ञात बातें
- दोनों टीमों के कुल शॉट कितने थे और गेंद पर उनका कब्जा कितना रहा?
- कोरिया और जापान की शुरुआती एकादश में कौन-कौन थे और किन खिलाड़ियों को बदला गया?
पाठकों के लिए जाँचने योग्य बातें
- यह देखने के लिए कि खेल में बढ़त स्कोर के अंतर के अनुरूप थी या नहीं, कुल शॉट और गेंद पर कब्जे के आंकड़े देखे जा सकते हैं।
- खिलाड़ियों के खेलने से जुड़ी जानकारी के लिए दोनों टीमों की शुरुआती एकादश और बदलावों का रिकॉर्ड अलग से देखना होगा। उपलब्ध लेख की सामग्री से इन सभी बातों की पुष्टि नहीं की जा सकती।
संदर्भ
- संदर्भित अन्य रिपोर्ट: en.yna.co.kr
- संदर्भित अन्य रिपोर्ट: hani.co.kr



















